दोस्तो एटॉमि एक प्रॉडक्ट बेस डायरेक्ट सेलिंग कंपनी है, इंडिया में लाखों लोग इस कंपनी की तैयारी कर रहे है,आखिर क्या है इस कंपनी में? जो आज के तारीख में इतने सारे ऑप्शन्स होने के बावजूद भी लोग एटॉमि के लिए इंतजार कर रहे है।आखिर ,ऐसा क्या है इस कंपनी में ?आज एटॉमि की सच्चाई मै आपको बताने जा रहा हूं।
एटॉमि क्यों पसंद है इतना?
नेटवर्क मार्केटिंग में लोगों को कमाना है , बहोत कमाना है इसी चक्कर में लोगों के साथ धोखे होते रहते है , धोखे होने के बावजूद भी लोग अच्छे सिस्टम के तलाश में है। इंडिया में तो अच्छे सिस्टम तो बहोत सारे है,फिर भी एटॉमि ही क्यों?
WHY ATOMY?
300 से ज्यादा कंपनी है मार्केट में और भी बहोत सारी कंपनी है, प्रॉडक्ट्स भी है, लायबिलिटी फ़्री है फिर भी एटॉमि क्यों? शायद लोगो को सेटिस्फेक्शन नहीं है,कहीं पर प्रॉडक्ट्स पसंद नहीं है,कहीं पर कीमत,कहीं पर दोनों पसंद है लेकिन प्रॉडक्ट्स की उपलब्धता नहीं है, प्रॉडक्ट्स मिलते नहीं, पेआउट बनता नहीं।कहीं पर बिजनेस प्लान , कहीं पर कंपनी का बैकग्राउंड सही नहीं।कहीं पर लंबे समय तक चलने का भरोसा कर सके और फिर पुरानी कंपनी में लोग नहीं मिलते।
ऐसे में लोग फ्रेश दमदार,सालो - साल चलने वाली कंपनी के तलाश में रहते है। ज्वाइनिंग फ्री हो,लागत कम हो,पैसा कमाने की संधि बहोत हो।खरीदी आवश्यक ना हो, रिपर्चेस मेंडिटरी, अर्निंग में कैपिंग , न्यू ज्वाइनिंग मेंडेटरी ये सब ना हो,किसी प्रकार का बंधन ना हो कमाई में।
दोस्तो,लोगो को यह सब एक प्लेटफॉर्म पर ही मिल गया, पिछले 1 साल से एटॉमि की चर्चा ऐसी हो रही है कि कंपनी ने अपना काम अभी शुरू हो नहीं किया ,लोग अपने आई डी लगाकर टीम बनाकर तैयार है ,ज्वाइनिंग फ्री है तो टीम बनाने में क्या प्रॉब्लम है पर अब तक प्रॉडक्ट्स पर्चेस नहीं हो रहा,कमाई नहीं हो रही फिर भी लोग इंतजार में है लॉचिंग की।
एटॉमि में भविष्य क्या है?
एटॉमि कंपनी 2006 में स्थापित हुई, एटॉमि कॉर्पोरेशन लिमिटेड साउथ कोरिया में है,दुनिया के सबसे बड़े कंपनी में केइरी और कोलमार दोनों कंपनी ने मिलकर एटॉमि की शुरुआत की। केइरी एक एटॉमिक एनर्जी रिसर्च इंस्टिट्यूट है, वर्ल्डवाइड नासा के बाद केरी का ही नंबर आता है,सबसे बड़े आर एंड डी सेक्टर भी बोल सकते है।
कैरी 1959 में स्थापित हुई ,यहा 3000 से ज्यादा साइंटिस्ट काम करते है,1500 से ज्यादा कर्मचारी है।दुनिया भर में 25000 से ज्यादा फॉर्मूला पेटेंट किया है जिससे मिलियन डॉलर की रॉयल्टी मिलती है, कैरी के हर आविष्कार कोलमार को दिए जाते है ,कोलमर ग्लोबल लीडिंग मैन्युफैक्चरर है, फार्मास्यूटिकल, कॉस्मेटिक, फूड प्रॉडक्ट्स साथ में पैकेजिंग और लॉजिस्टिक का भी काम करते है।
2010 से कोलमार को 15 ज्यादा ग्लोबल अवॉर्ड मिल चुके है। कोलमार कैरी के फॉर्मूले को प्रॉडक्ट में बदलकर दुनिया के टॉप 500 कंपनी को बेचते है।
एटॉमि कंपनी की शुरुआत
ये दोनों कंपनी ने मिलकर एटॉमि कंपनी की शुरुआत की। हेमगिल पर्क कंपनी के सी ई ओ है,जो दुनिया के टॉप टेन सी ई ओ में से एक है।खुद की एक ईकॉमर्स कंपनी है, लगभग 25 साल से ज्यादा एम एल एम का अनुभव है। एम एल एम इंडस्ट्री में रिकॉर्ड तोड काम किया इन्होंने।2006 से 2009 तक साउथ कोरिया के टॉप एम एल एम कंपनी बन गए और साउथ कोरिया में सैमसंग, एल जी, हुंडई के बाद एटॉमि का ही नाम आता है।
एटॉमि कंपनी कहां कहां है?
एटॉमि ने शुरुआत अमेरिका से की फिर जापान, सिंगापुर, ताइवान, कंबोडिया, रशिया, मलेशिया और वियतनाम लगभग 16 देशों में काम शुरू कर दिया और करीब 30 से ज्यादा देशों में प्री लॉचिंग फेस में है जिसमें इंडिया और चाइना भी है,जिस भी देश में एटॉमि ने काम शुरू किया वहां एम एल एम कंपनी के क्षेत्र में रिकॉर्ड तोड़ इतिहास बनाया।इसका कारण यह है कि कंपनी की प्रॉडक्ट्स रेंज,फिलहाल 350 से ज्यादा अपना पेटेंट प्रॉडक्ट्स है।
प्रॉडक्ट्स कौन कौन से है एटॉमि में?
हेल्थकेयर प्रोडक्ट्स
ब्यूटी केयर प्रॉडक्ट्स
पर्सनल केयर प्रॉडक्ट्स
किड्स & केयर प्रोडक्ट्स
इलेक्ट्रॉनिक प्रॉडक्ट्स
गारमेंट्स
ऑटोोबाइल्स
अग्रीक्लचर प्रॉडक्ट्स
लगभग सारे लगने वाले प्रॉडक्ट्स अवैलेबल है,आपको कहीं और जाने की आवशयकता नहीं।और कंपनी के सी ई ओ का कहना है कि 2025 तक 1 लाख प्रॉडक्ट्स उपलब्ध हो जाएंगे।
उसके बाद प्रॉडक्ट्स की क क्वॉलिटी , मिरेकल प्रॉडक्ट्स जिसका मुकाबला दुनिया के कोई प्रॉडक्ट्स कर नहीं सकते।
जहा पर 3000 साइंटिस्ट ,1500 पी एच डी कार्यकर्ता है वहा पर बेस्ट क्वॉलिटी प्रोडक्ट्स ही मिलेंगे ना और बेस्ट कीमत भी, रीजनेबल रेट है।
एटॉमि बिजनेस प्लान
बेस्ट है प्लान,भारत सरकार द्वारा जारी की गई एम एल एम कंपनी की गाइडलाइंस के अनुसार ही है, गुड़गांव हरियाणा में ऑफिस हो चुका है, आर अंड डी और प्रॉडक्ट्स यही इंडिया में ही बनने वाले है।इंडिया में हर जगह ऑफिस होंगे लॉचिंग के बाद।अब तक लाखो लोग इंडिया में रजिस्ट्रेशन कर चुके है।
कोई भी व्यक्ति अपने नाम से 1 ही आई डी ले सकता है और डायरेक्ट 2 ही आई डी लगा सकता है,2 से ज्यादा नहीं,1 आई डी से ही बहोत अर्निग कर सकते है,यह कोई डमी आई डी लगाने का सिस्टम नहीं है क्युकी आई डी ट्रांसफर नहीं होगी। पति - पत्नी के बीच 1 ही आई डी होगी , आई डी ट्रांसफर होगी भी तो कोअप्लिकैंट के नाम से ही होगी ,अगर कोइं2-2 आईडी ले भी लेते है भविष्य में टर्मिनेट कर दिए जाएंगे।
यह एक यूनिवर्सल ट्रांसपेरेंट सिस्टम बनाया गया है जिसको सब प्लान कि कमिया दूर करके बनाया गया है।
बिजनेस को कैसे करे?
यहां डिस्ट्रीब्यूटर बनने के लिए कोई भी प्रोडक्ट्स खरीदना पड़ता है अपनी मर्ज़ी से।10000 pV बनाना पड़ता है, यहां 10000 pV के प्रॉडक्ट्स 1500 से 3000 rs में मिलेंगे।एक
बार खरीदने पर पूरे साल आपकी आई डी एक्टिवेट रहेगी, रिपर्चेस कंपल्सरी नहीं ,आप अपनी मर्ज़ी से लेना चाहे वो बात अलग है।
इंडिया के 1 rs के बदले 4 से 10 पीवी मिलेंगे ,प्रोडक्ट्स पर निर्भर है।कंपनी ने 1 प्वाइंट पर $5 की वैल्यू दिए है।
कंपनी 70% डिस्ट्रीब्यूट करती है और 30% अपने खर्चों के लिए रखती है।
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